एसआईआर बैठक में हंगामा: पूर्व विधायक राजकुमार ठुकराल पर सरकारी कार्य में बाधा डालने का आरोप, कार्रवाई के लिए पुलिस को पत्र

रुद्रपुर। निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर)-2026 को लेकर सोमवार को जिला निर्वाचन अधिकारी कार्यालय में आयोजित

एसआईआर बैठक में हंगामा: पूर्व विधायक राजकुमार ठुकराल पर सरकारी कार्य में बाधा डालने का आरोप, कार्रवाई के लिए पुलिस को पत्र

रुद्रपुर। निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर)-2026 को लेकर सोमवार को जिला निर्वाचन अधिकारी कार्यालय में आयोजित राजनीतिक दलों की बैठक उस समय विवादों में घिर गई, जब बैठक के दौरान पूर्व विधायक राजकुमार ठुकराल पर उत्तेजित होकर ऊंची आवाज में अशोभनीय बातें करने और जनप्रतिनिधियों की ओर आक्रामक मुद्रा में आने का आरोप लगाया गया। मामले में सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी ने पंतनगर थानाध्यक्ष को पत्र भेजकर संबंधित दोषियों के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई किए जाने का अनुरोध किया है।
जिला निर्वाचन अधिकारी कार्यालय से 24 अगस्त 2026 को जारी पत्र के अनुसार भारत निर्वाचन आयोग एवं मुख्य निर्वाचन अधिकारी उत्तराखंड के निर्देशों के क्रम में 01 जुलाई 2026 की अर्हता तिथि के आधार पर निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण को लेकर मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के जिलाध्यक्षों, महामंत्रियों एवं सचिवों के साथ बैठक आयोजित की गई थी। बैठक में प्राप्त दावों और आपत्तियों के समयबद्ध निस्तारण तथा पुनरीक्षण कार्य से जुड़े विभिन्न विषयों पर राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से चर्चा की जा रही थी।
पत्र में बताया गया है कि बैठक में भारतीय जनता पार्टी, इंडियन नेशनल कांग्रेस, कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया मार्क्ससिस्ट, आम आदमी पार्टी तथा बहुजन समाज पार्टी के प्रतिनिधियों को आमंत्रित किया गया था। बैठक के दौरान विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से उनके पक्ष, आपत्तियों एवं शिकायतों को लेकर वार्ता चल रही थी।
आरोप है कि दोपहर करीब एक बजे वार्ता के दौरान पूर्व विधायक राजकुमार ठुकराल उत्तेजित हो गए और उन्होंने वर्तमान विधायक शिव अरोड़ा सहित अन्य जनप्रतिनिधियों के साथ ऊंची आवाज में कथित तौर पर अशोभनीय बातें कीं। पत्र में कहा गया है कि इस दौरान बैठक का माहौल उत्तेजनापूर्ण हो गया और सामने बैठे जनपद प्रतिनिधियों की ओर आक्रामक मुद्रा में जाकर ऊंची आवाज में बात करने से भय का वातावरण उत्पन्न हुआ।
सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी के पत्र में यह भी आरोप लगाया गया है कि घटना के कारण बैठक की कार्यवाही प्रभावित हुई और अन्य जनप्रतिनिधियों पर भी इसका प्रभाव पड़ा। परिस्थितियां बिगड़ने के चलते बैठक को स्थगित करना पड़ा, जिससे सरकारी कार्य में बाधा उत्पन्न हुई।
जिला निर्वाचन कार्यालय ने इस पूरे घटनाक्रम को गंभीर मानते हुए पंतनगर थानाध्यक्ष से मामले में दोषियों के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई करने का अनुरोध किया है। हालांकि, पत्र में लगाए गए आरोपों पर पूर्व विधायक राजकुमार ठुकराल की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। पुलिस कार्रवाई और मामले की जांच के बाद ही घटनाक्रम की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
एसआईआर को लेकर राजनीतिक दलों के बीच पहले से ही पारदर्शिता और प्रक्रिया से जुड़े मुद्दों पर बहस चल रही है। ऐसे में निर्वाचन प्रक्रिया से संबंधित आधिकारिक बैठक में विवाद और हंगामे के आरोपों ने राजनीतिक माहौल को और गरमा दिया है। अब निगाहें इस बात पर हैं कि पुलिस शिकायत के आधार पर आगे क्या कार्रवाई करती है और पूर्व विधायक राजकुमार ठुकराल इस पूरे मामले पर क्या पक्ष रखते हैं।